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मुख्यमंत्री ने भूमकाल दिवस पर आदिवासी जननायक अमर शहीद गुंडाधुर को किया नमन

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रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज यहाँ अपने निवास कार्यालय में भूमकाल स्मृति दिवस पर आदिवासी जननायक अमर शहीद गुंडाधुर के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया । इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार विनोद वर्मा, छत्तीसगढ़ राज्य खनिज विकास निगम के अध्यक्ष गिरीश देवांगन, संसदीय सचिव यू. डी. मिंज, विधायक गुलाब कमरो और देवेंद्र यादव भी उपस्थित थे । 
मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि आदिवासियों के जल, जंगल और जमीन के लिए अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ विद्रोह का आगाज करने वाले नायक गुुंडाधुर का बलिदान हमेशा इतिहास में अमर रहेगा। 10 फरवरी 1910 को बस्तर के आदिवासियों ने अंग्रेजों के खिलाफ आंदोलन का बिगुल फूंका था। इस विरोध को बुलंद करने में आदिवासी जननायकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। इन्हीं जननायकों में से अमर शहीद गुुंडाधुर के नेतृत्व में भूमकाल विद्रोह में आदिवासियों ने सीमित संसाधनों के बावजूद अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ डटकर संघर्ष किया। उनकी याद में छत्तीसगढ़ में विशेष रूप से प्राचीन दंडकारण्य क्षेत्र के स्थानीय लोग हर साल भूमकाल दिवस मनाते है। आदिवासी चेतना के प्रतीक के रूप में शहीद गुंडाधुर जनमानस में हमेशा जीवित रहेंगेे। उनकी स्मृति में मनाया जाने वाला भूमकाल दिवस सदा हमें शोषण के विरूद्ध आवाज बुलंद करने का साहस देता रहेगा।

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