जशपुर। जशपुर जिले से बड़ी खबर है। तपकरा थाना में पदस्थ आरक्षक अमित कुमार त्रिपाठी और धीरेंद्र कुमार मधुकर को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस से मिली जानकारी मुताबिक गांजा तस्करों से मिलकर दोनों आरक्षक गांजा की तस्करी कराते थे।
सूत्रों से मिली जानकारी मुताबिक लंबे समय से दोनों के खिलाफ पुलिस के बड़े अधिकारियों को शिकायत मिल रही थी लेकिन इससे पहले जितने भी पुलिस कप्तान थे वे अपने ही पुलिस कर्मी के खिलाफ कार्यवाही करने से डरते थे या कहीं ना कहीं कुछ और मामला हो सकता है लेकिन इस बार नवपदस्थ डीआईजी एवं एसएसपी लाल उम्मेद सिंह ने आखिरकार शिकायत के बाद दोनों आरक्षको के खिलाफ बड़ी कार्यवाही कर दी है। सवाल यह भी उठना लाजमी है कि क्या दोनों आरक्षक ही इस मामले में शामिल हैं? बताया यह जा रहा है कि बिना थाना प्रभारी के थाने में एक पत्ता भी नहीं हिलता है, दोनों आरक्षक क्या वर्तमान थाना प्रभारी संदीप कौशिक के बिना आदेश या निर्देश के कैसे इतना बड़े अपराध में शामिल हो सकते हैं। इस तरह से थाना प्रभारी संदीप कौशिक की कार्य शैली पर सवाल उठना जायज है। अब सबकी निगाहें डीआईजी एवं एसएसपी लाज उम्मेद सिंह पर टिकी है कि क्या थाना प्रभारी खिलाफ कार्यवाही करने की हिम्मत कर पाएंगे?

पुलिस से मिली जानकारी मुताबिक दिनांक 28/02/26 को मुखबिर सुचना से मिली कि रवि विश्वकर्मा नामक व्यक्ति विवकानंद कॉलोनी जशपुर में किराया में रहता है जो अपने घर में भारी मात्रा में अवैध मादक पदार्थ गांजा रखा है की सूचना पर तत्काल थाना कोतवाली की टीम के द्वारा रेड की कारवाई किया गया,जहां एक पेटी में रखे 24 पैकेट गांजा प्राप्त हुआ, रवि विश्वकर्मा से पूछने पर गांजा गोविंद उर्फ सुनील के द्वारा पैसा देने के एवज में अपने घर में रखना बताया इसके बाद थाना जशपुर में अपराध क्रमांक 74/26 धारा 20 (B) एनडीपीएस एक्ट कायम कर प्रकरण में आरोपी रवि विश्वकर्मा और सुनील भगत को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है। आरोपी गोविंदा से पूछताछ में थाना तपकरा के आरक्षक क्रमांक 581 धीरेंद्र मधुकर पिता करताल सिंह उम्र 37 वर्ष तथा आरक्षक क्रमांक 392 अमित त्रिपाठी पिता स्वर्गीय राजदेव त्रिपाठी उम्र 35 वर्ष द्वारा गांजा तस्करी में मिलकर काम करना बताने पर आर 581 धीरेन्द्र मधुकर एवं आर. 392 अमित त्रिपाठी का गांजा तस्करी में संलिप्तता पाए जाने पर गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।



