Home राज्यों से पुलिस की वर्दी में आतंकी कर सकते हैं अयोध्या में राम मंदिर...

पुलिस की वर्दी में आतंकी कर सकते हैं अयोध्या में राम मंदिर पर हमला, पुलिस ने बनाया अभेद्य किला

144
0
33 (1)
27 (1)
7 (2)
40 (1)
39 (1)
38 (1)
37 (1)
36 (1)
35 (1)
34 (1)
32 (1)
31 (1)
30 (1)
29 (1)
28 (1)
26 (1)
25 (1)
24 (1)
23 (1)
22 (1)
21 (1)
20 (2)
19 (2)
18 (2)
17 (2)
16 (2)
15 (2)
13 (2)
14 (2)
12 (2)
11 (2)
10 (2)
9 (2)
8 (2)
6 (2)
5 (2)
4 (2)
3 (2)
2 (2)
1 (2)
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.13 AM
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.16 AM
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM (2)
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM
WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM (2)
33 (1) 27 (1) 7 (2) 40 (1) 39 (1) 38 (1) 37 (1) 36 (1) 35 (1) 34 (1) 32 (1) 31 (1) 30 (1) 29 (1) 28 (1) 26 (1) 25 (1) 24 (1) 23 (1) 22 (1) 21 (1) 20 (2) 19 (2) 18 (2) 17 (2) 16 (2) 15 (2) 13 (2) 14 (2) 12 (2) 11 (2) 10 (2) 9 (2) 8 (2) 6 (2) 5 (2) 4 (2) 3 (2) 2 (2) 1 (2) WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.13 AM WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.16 AM WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM (1) WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM (2) WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.15 AM (1) WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM WhatsApp Image 2026-08-16 at 8.30.14 AM (2)

अयोध्या । श्रीराम मंदिर पर आत्मघाती हमला होने की आशंकाएं बढ़ती जा रही हैं। इसी बीच खबर आई है कि मंदिर परिसर को ‘नो-फ्लाइंग जोन’ घोषित करने की पूरी तैयारी हो चुकी है। इसके बाद ड्रोन, हवाई जहाज या चॉपर, कोई भी यहां से नहीं गुजर सकेगा। ऐसी सूचना है कि नया खतरा आत्मघाती हमले का है। सूत्रों के अनुसार, मंदिर में ‘पुलिस और फौज’ की वर्दी में घुसकर हमला हो सकता है। ऐसे हमले में आतंकी पहले धमाका करते हैं और उसके बाद फायरिंग होती है। इस तरह के संभावित हमलों के मद्देनजर मंदिर परिसर की सुरक्षा को और ज्यादा पुख्ता बनाया जा रहा है।7
सूत्रों के हवाले से कुछ दिन पहले एक मीडिया रिपोर्ट सामने आई थी कि 2024 में मंदिर के तैयार होने से पहले राम जन्मभूमि पर हमला करना अब इन आतंकी संगठनों का प्रमुख टारगेट बन गया है। इन आतंकवादी संगठनों की मंशा इस हमले की साजिश को अंजाम देने के साथ ही इसे एक बड़ी हिंदू-मुस्लिम सांप्रदायिक हिंसा के रूप में दुनिया के सामने पेश करने की भी है। खुफिया सूत्रों का मानना है कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई की इस बारे में कुछ मजबूरियां भी सामने आई हैं. पाकिस्तान की आईएसआई कश्मीर में धारा- 370 को सफलता से हटाए जाने के बाद से हिंसा भडक़ाने में साफ तौर से विफल रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here