जशपुर। वेब न्यूज़ पोर्टल groundreporting.in में चली खबर का बड़ा असर हुआ है। आवेदन देने के 17 दिन बाद अंततः तपकरा पुलिस को एक मारपीट के मामले में अपराध पंजीबद्ध करना पड़ा। वहीं समाचार प्रकाशित होने के बाद पत्रकार संतोष गुप्ता को झूठे केस में फंसाने की सार्वजनिक रूप से धमकी दी जा रही है।
बुधवार 14 जनवरी 2026 को तपकरा थाना से 4 किलोमीटर दूर पंपशाला में कंवर समाज का एक सामाजिक कार्यक्रम हो रहा है, इस सामाजिक कार्यक्रम में पुलिस वालों की ड्यूटी लगाई गई है तपकरा थाना में पदस्थ आरक्षक, प्रधान आरक्षक और सहायक उप निरीक्षक रैंक के कर्मचारियों की वहां ड्यूटी लगाई गई थी, इस दौरान तपकरा थाना में पदस्थ एक कर्मचारी के द्वारा पत्रकार संतोष गुप्ता को झूठे केस में फंसाने की धमकी दी गई है । पुलिस कर्मचारी का कहना है कि संतोष गुप्ता, थाना तपकरा के खिलाफ समाचार बनाता है , उसके खिलाफ हम किसी भी गंभीर और नॉन बेलेबल धारा में अपराध पंजीबद्ध कर उसे जेल भेज देंगे।
आपको बता दें 11 जनवरी 2026 दिन रविवार के दिन पत्रकार संतोष गुप्ता के द्वारा “तपकरा पुलिस ने प्रार्थीया को ही बना दिया अपराधीनी, अपराध पंजीबद्ध होने के तीसरे दिन ही कुनकुरी सिविल न्यायालय में आनन-फानन मे कर दिया अंतिम प्रतिवेदन पेश, पुलिस ने डिलेश्वरी देहरी , गुलापी देहरी एवं लक्ष्मी प्रधान के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 115(2)-BNS, 296-BNS, 3(5)-BNS, 351(2)-BNS के तहत कर दिया अपराध पंजीबद्ध” हेडिंग से समाचार प्रकाशित किया था । इसके बाद पुलिस हरकत में आई और आवेदिका गुलापी डेहरी के घर मसरीघाट पुलिस पहुंची थी, जिसके बाद उसके आवेदन पर 13 जनवरी 2026 को तपकरा पुलिस पदमनी बैगा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 296, 115(2), 351(2), (3)5 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर ली है। इस पूरे मामले की विवेचना तपकरा थाना में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक प्रेमिका कुजूर के द्वारा की जा रही है।



